भोपाल। निमाड़ की समृद्ध लोक कला को राष्ट्रीय स्तर पर गौरव प्राप्त हुआ है। राष्ट्रीय मानव संग्रहालय, भोपाल द्वारा आयोजित लोक कला कार्यशाला में मध्यप्रदेश की प्रमुख लोक चित्रकलाओं गोंड एवं भील के साथ निमाड़ की पारंपरिक लोक चित्र शैलियों जिरोती, संजा एवं विजयादशमी दशहरा मांडना का भी सृजन किया […]

इंदौर। देवी श्री अहिल्या स्मृति सेवा संस्थान महेश्वर का उपक्रम अनुरनन-प्रतिध्वनि साहित्यिक एवं सामाजिक संस्था मध्यप्रदेश द्वारा ‘वन्दे भारतभूमे’ कवयित्री सम्मेलन आयोजित अंतरराष्ट्रीय साहित्य अर्पण मंच (दुबई) की सी.ई.ओ. नेहा शर्मा को मातृभाषा उन्नयन संस्थान द्वारा ‘भाषा सारथी सम्मान’ व युवा साहित्यकार मनीष कुमार पाटीदार को साहित्य ग्राम ने सम्मानित […]

उज्जैन। सोसायटी फ़ॉर प्रेस क्लब उज्जैन के अध्यक्ष व मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बड़े भाई नंदलाल यादव से मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष व साहित्यग्राम के सम्पादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ ने मुलाक़ात कर साहित्यग्राम भेंट किया। इस मौके पर वरिष्ठ पत्रकार जयसिंह रघुवंशी व शादाब […]

दुख भी सुख के आगे लाचार हो जाए,तुमको किताबों से अगर जो प्यार हो जाए। रोशनी का एक नया आफ़ताब मिलेगा,तुमको पढ़ने से केवल लाभ मिलेगा।किताबें जो रहीं सिरहाने तुम्हारे,ज़िंदगी में उड़ने का ख़्वाब मिलेगा।जीवन में ख़ुशियों का अंबार हो जाए,तुमको किताबों से गर जो प्यार हो जाए।। शिक्षा के […]

भावना शर्मा, दिल्लीलेखिकासह संपादक, मातृभाषा डॉट कॉम लाल किला इस बात की हर वर्ष गवाही देता है कि इसी भूमि से देश ने सदियों की गुलामी के बादलों को छंटते देखा है, हर 15 अगस्त को जब लाल किले की प्राचीर पर तिरंगा लहराता है, तो हम एक तारीख़ का […]

23 नवोदित कवियों को काव्य दीप सम्मान एवं कवि देवकृष्ण व्यास स्वर्णाक्षर सम्मान से सम्मानित जब तक लिखने वाला बेचैन नहीं होगा, वह कवि नहीं हो सकता- श्री व्यास इन्दौर। सुप्रसिद्ध कवि डॉ. कुँअर बेचैन जी की जन्म जयंती पर मातृभाषा उन्नयन संस्थान व डॉ. कुँअर बेचैन स्मृति न्यास, ऑस्ट्रेलिया […]

संस्थापक एवं सम्पादक

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम समाचार पत्र के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए। आप 29 अप्रैल को जन्मे तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण ने 35 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। अब तक आप 15 पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं। इसके अलावा साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान, वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान, वर्ष 2025 में लघुकथा शोध केन्द्र भोपाल द्वारा विशिष्ट हिंदी सेवा सम्मान तथा वर्ष 2026 में वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ़ एक्सीलेंस, इंग्लैंड द्वारा सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही, लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं। कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी हैं। भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की माँग को लेकर आंदोलन भी चलाया है। वर्तमान में आप देशभर में हिन्दी आन्दोलन का नेतृत्व करने के कारण हिन्दी योद्धा के रूप में पहचाने जाते हैं।