गहरा दर्द

sita gupta
हाथ-पैर में लगे जो काँटा,
वो तो सबको दिखता है |
पर जो”अंतस”में चुभा है,
वो न किसी को दिखता है |
रह -रहकर जो टीस है देता,
दिल कितना फिर रोता है |
“अंतस ” में उस चुभे काँटे का,
दर्द नहीं कोई देखता है |
हाथ -पैर के काँटे की तो,
शल्यक्रिया हो  जाती है |
पर …”अंतस”के उस काँटे पर,
प्रतिक्रिया न होती है |
रोता मन भरती हैं आँखें,
जब-जब हूक सी उठती है |
“अंतस “में उस लगे काँटे  से,
गहरी चुभन जो होती है |
बड़ी निराली रीत जगत की,
खूब दिखावा करती है |
“अंतस “में उस चुभे काँटे का,
पर उपचार न करती है ||

परिचय-
नाम – सीता गुप्ता 
जन्मतिथि – 25-05-1957
वर्तमान पता –दुर्ग (छत्तीसगढ़) 
राज्य- छ. ग. 
शहर – दुर्ग 
कार्यक्षेत्र – सेवानिवृत वरिष्ठ शिक्षिका एन. एम. डी. सी. लिमिटेड (बी. आई. ओ. पी. सी. से. स्कूल) किरन्दुल छ. ग. 
विधा – काव्य लेखन 
मोबाइल – 08839445051
प्रकाशन – वुमन आवाज के माध्यम से “ओस की बूँद “प्रथम काव्य संग्रह प्रकाशित, बैलाडीला की सर्जना पत्रिका में रचनाएँ प्रकाशित, शालेय एवं सामाजिक पत्रिकाओं में रचनाएँ प्रकाशित, लक्ष्मी पब्लिकेशन की कुछ शिक्षक कवि 2में रचना प्रकाशित, एवं लोकजंग में रचनाएँ प्रकाशित.

सम्मान – “वुमन आवाज 2018का सम्मान “बैलाडीला क्षेत्र में इंटुक यूनियन द्वारा “बेस्ट टीचर्स अवार्ड “एवं अंतर्राष्ट्रीय महिला वर्ष 2016 के कार्यक्रम में यूनियन एस. के. एम. एस. द्वारा विशेष सम्मान.
उपलब्धियाँ – “ओस की बूँद “प्रथम काव्य संग्रह, पर्यावरण स्लोगन प्रथम पुरस्कृत बोर्ड नाम के साथ आज भीबैलाडीला की मुख्य सड़क पर स्थापित है —“एक बूँद से सजता है सीप में मोती…..

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