*दीपक*

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shobha sharma
दीपक  तू !!
तिल – तिल  कर  जलता  जा
नीरव   होकर ,
अपना  कर्तव्य  निभाता  जा,
समय  चक्र  के,
साथ -साथ  तू  चलता  जा ।
दीपक  तू !
तिल-तिल  कर  जलता  जा ।।

ज़ाहिर  हैं  जग  में
पतंगे  की  तुझसे  प्रीत
तू  क्यों  न ,
बन  सका कभी  उसका   मीत
मिटा  दिया  है ,
जीवन उसने  जलाकर  अपने  पर,
और  तू  !
रोशन  करता  रहा  अनेकों  घर
रुकावट  की ,
ऑधियों  से  लड़  तू  चलता  जा ।
दीपक  तू  !!
तिल -तिल  कर  जलता  जा ।।

कहीं  भी  रख  दिया
तुझे  मंदिर  हो  कि  मज़ार
मौन  हो  जलता  रहा ,
न  शुभ  अशुभ  का  विचार
तपन  की  सहकर ,
पीड़ा  तू  होता  रहा  बेजार ,
सभी  जगह  कर  रहा
समता  से  प्रकाश  प्रसार
व्यथा  की  गाँठ ,
न  बाँध  तू  यूँ  ही  जीता  जा ।
दीपक  तू  ! !
तिल – तिल  कर  जलता  जा ।।

कभी  राह  दिखाता
तू  बन  स्तम्भ  दीप
कभी   चमकता ,
तू  बन  आकाश  दीप
कभी  इंतजार ,
करता  तू  बन  सांध्य   दीप,
कभी   नई  आस ,
जगाता  बन   प्रातः  दीप
अग्रणी  बन  तू ,
अपना   कर्तव्य   निभाता  जा ।
दीपक  तू  !!
तिल -तिल   कर  जलता   जा  ।।

श्रीमती शोभा शर्मा
शिक्षा ::— बी.ए.–हिन्दी साहित्य , एम. ए.-अर्थशास्त्र – समाजशास्त्र ।
      भोपाल (मध्यप्रदेश)
प्रमुख – विधा ::– हिन्दी कविताएँ ,मुक्तक ,क्षणिकाऐं , मुक्त – गीत ।
अन्य विधाऐं ::– आलेख ,लघुकथा ,विभिन्न प्रमुख कवियों के काव्य पर आधारित कविताएँ ,एवं समीक्षात्मक काव्य सृजन ।
अन्य क्षेत्रीय भाषाएँ ::– मालवी भाषा में  ::— गीत – कविताएँ , मालवी भाषा में –“” मालवा वृत्तांत “” किताब ।
बुन्देलखंडी भाषा में ::– गीत ,कविताएँ ।
आकाशवाणी बैतूल में एंकर —
गीत ,कविताओं का प्रसारण ।
आकाशवाणी भोपाल से प्रसारित कविताएँ  ।
दूरदर्शन भोपाल में क्षेत्रीय – मालवी भाषा में गीत प्रसारण ।
पुस्तक प्रकाशन : –  शीर्षक —“” मालवा – वृत्तांत “”
प्रकाशन वर्ष — 2018 

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One thought on “*दीपक*

  1. बेहतरीन Kavita
    Deepak ke jeevan को बहुत गहराई से समझना
    अद्भुत

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29 अप्रैल, 1989 को मध्य प्रदेश के सेंधवा में पिता श्री सुरेश जैन व माता श्रीमती शोभा जैन के घर अर्पण का जन्म हुआ। उनकी एक छोटी बहन नेहल हैं। अर्पण जैन मध्यप्रदेश के धार जिले की तहसील कुक्षी में पले-बढ़े। आरंभिक शिक्षा कुक्षी के वर्धमान जैन हाईस्कूल और शा. बा. उ. मा. विद्यालय कुक्षी में हासिल की, तथा इंदौर में जाकर राजीव गाँधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के अंतर्गत एसएटीएम महाविद्यालय से संगणक विज्ञान (कम्प्यूटर साइंस) में बेचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कंप्यूटर साइंस) में स्नातक की पढ़ाई के साथ ही 11 जनवरी, 2010 को ‘सेन्स टेक्नोलॉजीस की शुरुआत की। अर्पण ने फ़ॉरेन ट्रेड में एमबीए किया तथा एम.जे. की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएचडी की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने सॉफ़्टवेयर के व्यापार के साथ ही ख़बर हलचल वेब मीडिया की स्थापना की। वर्ष 2015 में शिखा जैन जी से उनका विवाह हुआ। वे मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं और हिन्दी ग्राम के संस्थापक भी हैं। डॉ. अर्पण जैन ने 11 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण वर्ल्ड बुक ऑफ़ रिकॉर्डस, लन्दन द्वारा विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया।