पूर्व न्यायाधीश मीना भट्ट सम्मानित इन्हें मिला महादेवी वर्मा सम्मान

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पंडित अजय शर्मा गूँज स्मृति मंच द्वार माढौताल मंगल भवन के सामने गूंज काव्‍यमाला का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथि कटनी की ग़ज़लकार मंजूलता जैन  जी रही एवं संस्कारधानी की वरिष्ठ साहित्यकार मिथलेश नायक जी द्वारा अध्यक्षता की गई l काव्‍यमाला काव्‍यमाला के  अंतर्गत माननीया मीना भट्ट जी का जन्‍मदिन मनाया गया एवं उन्हें महादेवी वर्मा सम्मान से सम्मानित किया गया l, मिथलेश नायक जी  द्वारा  गाई गई बुंदेली  रचना को बहुत सराहा गया  गांधी वीर जवाहर  को जो देश आभूषण है,  सर झुका कर नमन इस वतन के इस कविता के माध्यम से मंजुलता जैन जी ने शहीदों को नमन किया l आयोजन के अंतर्गत डॉ राजलक्ष्मी शिवहरे, मिथलेश नायक, मंजुलता जैन, अनुराधा अनु, शरद मिश्रा, जी को साहित्य गौरव सम्मान से  सम्मानित किया गया l आयोजन में परूुषोत्तम भट्ट,, आर, एल, शिवहरे, मुकेश मिश्रा,सुशील कुमार जैन, उमेश मिश्रा, मनोहर सोनी ऐसा भी का विशेष योगदान रहा मंच संचालन श्रीमती माधुरी मिश्रा द्वारा किया गयाl आभार प्रदर्शन पैशन म्यूजिक थंडर की संस्थापक मधु सोनी जी द्वारा किया गया l

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श्रमिक तेरी कहानी

Wed May 1 , 2019
श्रमिक के श्रम का कब करोगे सम्मान जबकि उनके परिश्रम पर ही टिका है देश का मान। कल-कारखाने हो या हो खेत खलिहान श्रमिक के श्रम बिन सब बंद और बंजर समान। सडक रेल या हवाई सफर श्रम के बिन सब लचर श्रमिक की तो बात निराली अपने श्रम से […]

संस्थापक एवं सम्पादक

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम समाचार पत्र के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए। आप 29 अप्रैल को जन्मे तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण ने 35 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। अब तक आप 15 पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं। इसके अलावा साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान, वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान, वर्ष 2025 में लघुकथा शोध केन्द्र भोपाल द्वारा विशिष्ट हिंदी सेवा सम्मान तथा वर्ष 2026 में वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ़ एक्सीलेंस, इंग्लैंड द्वारा सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही, लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं। कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी हैं। भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की माँग को लेकर आंदोलन भी चलाया है। वर्तमान में आप देशभर में हिन्दी आन्दोलन का नेतृत्व करने के कारण हिन्दी योद्धा के रूप में पहचाने जाते हैं।