हिन्ददेश परिवार के तत्वावधान में पटना इकाई उदघाटन समारोह संपन्न

आज हिन्ददेश परिवार के तत्वावधान में पटना ईकाई का ऑनलाइन उदघाटन समारोह बडे निराले अंदाज के साथ सम्पन्न हुआ ।देश विदेश के कलमवीरो ने अपनी काव्य प्रस्तुती के साथ इस ऐतिहासिक नगरी का खूब वखान किया।इस कार्यक्रम की संरक्षिका अर्चना मिश्रा सह संयोजिका स्नेहलता द्विवेदी ने अपने काव्य पाठ से विशेष आकर्षित किया।
पटना इकाई के अध्यक्ष आशुतोष कुमार ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए पटना की ऐतिहासिक भूमि का वखान की राजस्थान भीलवाड़ा के कवि राजेश पुरोहित ने भी प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय की महत्ता को खूब समझाया तो वही निक्की शर्मा जी ने प्रेम भाईचारे का पाठ अपनी कविता के माध्जायम से पढाया। जाने माने कवियो ने गर्मजोशी से काव्य पाठ कर समय को सुहाना बनाया।
कार्यक्रम में भाग लेने वालो में प्रमुख- निरूपमा द्विवेदी,सतीश विष्ठ,विक्रांत ठाकुर
बजरंग लाल केजरीवाल,संगीता ठकराल गुलाटी,महेश कुमार जैन,ईश्वर चंद्र जयसवाल इंदु उपाध्याय,जनी शर्मा,राय निभा निक्की शर्मा रश्मि
मधुमिता,निर्मला सिन्हा,कुमकुम सिंहा,सुनीता रानी राठौर,खुशहाल किशोर,सुधा चतुर्वेदी
अमरजीत सिह,सुष्मिता अग्रवाल,प्रकाश चमोली
कलावती कारवां,कौशल किशोर,स्वाति जयसल मेरिया,अनिल राही, डा पवन शर्मा प्रबल,केसरवानी चंदन,रूचिका राय,सुलभ चंद्र चौरसिया,भगवान झा,कुलदीप रहीमा,स्वर्ण समाज भूषण,महेन्द्र सिंह गणपति उदय आदि ।
आशुतोष
पटना बिहार

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डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम समाचार पत्र के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए। आप 29 अप्रैल को जन्मे तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण ने 35 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। अब तक आप 15 पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं। इसके अलावा साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान, वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान, वर्ष 2025 में लघुकथा शोध केन्द्र भोपाल द्वारा विशिष्ट हिंदी सेवा सम्मान तथा वर्ष 2026 में वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ़ एक्सीलेंस, इंग्लैंड द्वारा सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही, लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं। कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी हैं। भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की माँग को लेकर आंदोलन भी चलाया है। वर्तमान में आप देशभर में हिन्दी आन्दोलन का नेतृत्व करने के कारण हिन्दी योद्धा के रूप में पहचाने जाते हैं।