ब्रह्माकुमारीज भाई बहनों ने ली हिमालय बचाने की शपथ


रुड़की|

राष्ट्रीय हिंदी दैनिक हिंदुस्तान द्वारा उत्तराखंड में चलाए जा रहे राज्य व्यापी अभियान के तहत हिंदुस्तान टीम ने ब्रह्माकुमारी पाठशाला आदर्श नगर पहुंच कर ब्रह्माकुमारीज संस्था से जुड़े भाई बहनों को प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान व पर्यावरण संरक्षण के लिए हिमालय बचाओ अभियान की जानकारी दी।ब्रह्माकुमारी पाठशाला प्रभारी बीके लक्ष्मी चन्द की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वैल्यू बेस मीडिया के उत्तराखण्ड प्रभारी श्रीगोपाल नारसन ने पर्यावरण संतुलन के लिए हिमालय की रक्षा को जनहित में आवश्यक बताया और दैनिक हिंदुस्तान की ओर से भाई बहनों को हिमालय बचाने के लिए सकारात्मक प्रयास करने की शपथ दिलाई।कार्यक्रम के संयोजक दैनिक हिंदुस्तान से जुड़े सुभाष सक्सेना ने कार्यक्रम सफलता के लिए ब्रह्माकुमारीज का धन्यवाद ज्ञापित किया और दादी जानकी को दुनिया की प्रेरक हस्ती बताया।
फोटो परिचय:दैनिक हिंदुस्तान के हिमालय बचाओ अभियान के तहत ब्रह्माकुमारी पाठशाला आदर्श नगर रूड़की में भाई बहनों को शपथ दिलाते मुख्य अतिथि वैल्यू बेस मीडिया के उत्तराखंड प्रभारी श्रीगोपाल नारसन, पाठशाला प्रभारी बीके लक्ष्मी चन्द आदि।

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डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम समाचार पत्र के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए। आप 29 अप्रैल को जन्मे तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण ने 35 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। अब तक आप 15 पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं। इसके अलावा साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान, वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान, वर्ष 2025 में लघुकथा शोध केन्द्र भोपाल द्वारा विशिष्ट हिंदी सेवा सम्मान तथा वर्ष 2026 में वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ़ एक्सीलेंस, इंग्लैंड द्वारा सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही, लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं। कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी हैं। भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की माँग को लेकर आंदोलन भी चलाया है। वर्तमान में आप देशभर में हिन्दी आन्दोलन का नेतृत्व करने के कारण हिन्दी योद्धा के रूप में पहचाने जाते हैं।