
हमें लगता है कि,पाकिस्तान नाम के दीपक को बुझाने का समय आ गया हैl अब भारत सरकार को इस नेक काम में देरी नहीं करनी चाहिए,क्योंकि हमारे बुजुर्गों ने कहा है
`दीपक बुझने से पहले बहुत फड़फड़ाता है`l पाकिस्तान की फड़फड़ाहट की वही सीमा पूरी हो चुकी हैl अब वह समय आ गया है जब कुछ ऐसा किया जाए कि, हमारी आने वाली पीढ़ियां पाकिस्तान के मानचित्र को सिर्फ किताबों और संग्रहालयों में ही देखेl उनको तब इस आतंकवादी देश के बारे में यह बताया जाए कि-`गुजरे जमाने में पाकिस्तान नाम का एक देश था,जो मानवीयता की सभी हदों को पार कर चुका था,जिसके कारण इस देश को भूतकाल का अस्तित्व बनना पड़ाl यह नेक काम भारतवर्ष नाम के देश ने किया था,जो मानवीयता का सच्चा पुजारी हैl`
#अनुपम तिवारी ‘मन्टू’
परिचय:सामाजिक कार्यकर्ता वाली पहचान अनुपम तिवारी ‘मन्टू’ ने बनाई हैl इनकी शिक्षा बी.कॉम. हैl उत्तरप्रदेश के देवरिया जिला के भठवां तिवारी गांव के निवासी हैंl यह शौकिया लेखन करते हुए जब भी समय मिलता है तो कुछ प्रेरक और निष्पक्ष लिखने की कोशिश करते हैं ताकि,युवा साथियों को सही-गलत का निर्णय करने में सहयोग मिल सकेl