सुन्दर पावन धरा भारती

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babulal sharma
.            ●◆●
जहाँ वतन हो प्राण से प्यारा,
● कफन तिरंगा चाहत है।
जगत गुरू की पदवी वाला,
● स्वर्ण पखेरू भारत है।
ज्ञान धर्म संदेश अहिंसा,
● दूर देश तक जाता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

आओ साथी वंदन करलें,
● भारत की इस माटी का।
देश धरा पर प्राण समर्पित,
● करती मन परिपाटी का।
इंकलाब के गीत जहाँ पर,
● बच्चा बच्चा गाता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

सूरज पहले किरणे देता,
● मातुल चन्द्र चमकता है।
देश प्रेम मे भरकर सबका,
● यौवन तेज दमकता है।
दिशा दिखाने ध्रुव तारा भी,
● उत्तर नभ में आता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

सागर चरण वंदना करता,
● पल पल धोता चरणों को।
पावन नदियाँ याद दिलाती,
● मानव शुभ आचरणों को।
धरती गौ नदियों से अपना,
● माँ से बढ़कर नाता है।
सुंदर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

जिस रज को हम चंदन माने,
● पूजें पर्वत जलधर को।
अनदाता हम कह सम्माने,
● भारत के प्रिय हलधर को।
वरुण देव की कृपा जहाँ पर,
● इन्द्र मेघ बरसाता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

वन वृक्षों का आदर करते,
● सब जीवों में रब मानें।
संसकार मर्यादा अपने,
● कर्तव्यों को पहचाने।
संविधान का मान यहाँ पर,
● हर अधिकार दिलाता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

वीर नहीं खोते है धीरज,
● रिपुदल से नहीं घबराते।
भरत सरीखे बच्चे इसके,
● शेरों से भी भिड़ जाते।
इस पावन भू पर हर कोई,
● सच्चा आदर पाता है।
सुन्दर पावन धरा भारती,
● वीर सपूती माता है।

देवों को भी खूब सुहाई, ,
● भरतखण्ड की यह धरती।
आती यहाँ अप्सरा रहने,
● रूप सुहागिन का रखती।
परमेश्वर अवतार लिए तब,
● इसी भूमि पर आता है।
सुंदर पावन धरा भारती,
.        ● वीर सपूती माता है।

नाम– बाबू लाल शर्मा 
साहित्यिक उपनाम- बौहरा
जन्म स्थान – सिकन्दरा, दौसा(राज.)
वर्तमान पता- सिकन्दरा, दौसा (राज.)
राज्य- राजस्थान
शिक्षा-M.A, B.ED.
कार्यक्षेत्र- व.अध्यापक,राजकीय सेवा
सामाजिक क्षेत्र- बेटी बचाओ ..बेटी पढाओ अभियान,सामाजिक सुधार
लेखन विधा -कविता, कहानी,उपन्यास,दोहे
सम्मान-शिक्षा एवं साक्षरता के क्षेत्र मे पुरस्कृत
अन्य उपलब्धियाँ- स्वैच्छिक.. बेटी बचाओ.. बेटी पढाओ अभियान
लेखन का उद्देश्य-विद्यार्थी-बेटियों के हितार्थ,हिन्दी सेवा एवं स्वान्तः सुखायः

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