आज गए स्कूल तो, हमने तुमको ना पाया है। तुम सबको नटखट बातों ने, आज मुझको बहुत सताया है। हर कमरे का हर कोना, देखो आज वीरान पड़ा। तुम सबके बिन बच्चों मेरे, विद्यालय भवन सुनसान पड़ा। आज किसी ने ना घेरा मुझको, ना किया किसी ने स्वागत। यादों ने […]
भारत की एकमात्र निःशुल्क, निःस्वार्थ संस्था “ज्ञानोत्कर्ष अकादमी,बिहार, भारत” के द्वारा साल 2021 के लिए विभिन्न क्षेत्रों मे विख्यात भारत के 15 साहित्यिक रत्नों को सम्मानित किया! जिसमें कुल 28 साहित्यकारो द्वारा विभिन्न क्षेत्रों मे लिखित पुस्तक भेज नामांकन दाखिल कराया! जिसमे संस्था की कार्यकारणी समिति के द्वारा सभी विषयों […]
