विजय तिवारी जी की प्रदेश उप प्रमुख पद पर नियुक्ति

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बड़ौदा हिंदी भाषा को राष्ट्रभाषा बनाने के लिए कार्यरत संस्था मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर अर्पण जैन अविचल की अनुशंसा पर गुजरात प्रदेश अध्यक्ष राकेश जैन ने अहमदाबाद निवासी विजय तिवारी जी को गुजरात प्रदेश उपप्रमुख पद पर नियुक्त किया है विजय जी परस्नातक एवं बी एड है पेशे से अध्यापक है,साहित्यकार है कई पुस्तकें लिखी है गुजरात विद्यापीठ के मासिक अंको का संपादन किया है, अंतरराष्ट्रीय हिंदी पत्रिकाओं का भी प्रकाशन किया है,हिंदी साहित्य परिषद् से १९९२ मै सर्वश्रेष्ठ काव्य के लिए पुरस्कृत किए गए साहित्य सम्मान अनेक सम्मान मिले मंच संचालन आदि आदि सम्मानों से पुरस्कृत हुए अभी हल में ही १४ सितम्बर को श्रीनाथद्वारा में साहित्य भूषण सम्मान से नवाजा जाएगा।
श्री विजय तिवारी जी अब संस्था के लिए समर्पित हो गुजरात राज्य में हिंदी प्रचार-प्रसार हेतु काम करेंगे साथ ही प्रदेशभर में हस्ताक्षर बदलो अभियान में एवं हिंदी भाषा को राष्ट्रभाषा बनाने के लिए जनसमर्थन अभियान करेंगे ।
संस्थान हिंदी को रोजगार मूलक भाषा बनाने की दायित्व के साथ साथ भारत की समस्त भाषाओं को हिंदी के साथ समन्वय स्थापित करने की दिशा में भी कार्य करेंगे श्री विजय तिवारी । की नियुक्ति पर राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्यों एवं सभी प्रांत अध्यक्षों ने बधाई दी है।

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डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।