परीक्षा मे ज्यादा नम्बर लेकर आना ही जीवन की राह तय नहीं करता ! इसके साथ – साथ ज्ञान भी जरूरी है ! सिर्फ अच्छे नम्बर से कोई जीवन मे सफलता हासिल नहीं कर सकता है ! ना ही डिवीज़न से ! कभी – कभी थर्ड डिवीज़न वाला भी आई.ए.एस […]

होली आई रे आई रे होली आई रे , जीवन को रंगों से रंगायी रे , मन मे पुलकित पंख लगायी रे, लाल हरा रंग रंगाई रे ! होली आई रे आई रे होली आई रे , मन तन के दिल मे आग लगायी रे , जीवन को मदहोश करायी […]

जहाँ सारा दुनिया जिसकी शरण मे , नमन है उस भगवान शिव के चरण मे , हम बने उस महाकाल के चरणों की धूल , आओ हम – सब मिल कर चढ़ाये उनके चरणों में श्रद्धा के फूल ! महाकाल की हमेशा बनी रहे मुझ पर छाया , पलट दे […]

—————————————————————— बिहार के सीवान जिले के चैनपुर गांव के प्रतियोगी छात्र एवं युवा साहित्यकार रुपेश कुमार को ‘जैमिनी अकादमी, पानीपत’ से “भारत गौरव सम्मान – 2021” से गणतंत्र  दिवस 26 जनवरी 2021 को सम्मानित किया गया ! रूपेश भौतिक विज्ञान के छात्र होते हुए साहित्य में गहरी रुचि रखते है […]

आजादी के झंडे को हम , आत्मविश्वास से फहराएंगे , जीवन की उपलब्धियों को हम , देश के नाम करायेंगे , संविधान के अनुच्छेदों को , शब्द-शब्द हम देश के काम लाएंगे , आजादी के लहू को हम , जीवन भर याद रखेंगे , 26 जनवरी को शपथग्रहण कर , […]

जीवन के रंग मे खुशियों के संग मे , सुबह की लाली, घटा शाम की तन्हाई मे , हरे-भरे पेड़ों पर ,चिड़िया चहकती रहें , खेत-खलिहानों में,फसल लहलहाती रहे , नयी रोशनी में , नये जीवन की शुरुआत हो , सबको जीने की नई दिशा, नयी राह मिले। गाँव मे […]

संस्थापक एवं सम्पादक

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

29 अप्रैल, 1989 को मध्य प्रदेश के सेंधवा में पिता श्री सुरेश जैन व माता श्रीमती शोभा जैन के घर अर्पण का जन्म हुआ। उनकी एक छोटी बहन नेहल हैं। अर्पण जैन मध्यप्रदेश के धार जिले की तहसील कुक्षी में पले-बढ़े। आरंभिक शिक्षा कुक्षी के वर्धमान जैन हाईस्कूल और शा. बा. उ. मा. विद्यालय कुक्षी में हासिल की, तथा इंदौर में जाकर राजीव गाँधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के अंतर्गत एसएटीएम महाविद्यालय से संगणक विज्ञान (कम्प्यूटर साइंस) में बेचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कंप्यूटर साइंस) में स्नातक की पढ़ाई के साथ ही 11 जनवरी, 2010 को ‘सेन्स टेक्नोलॉजीस की शुरुआत की। अर्पण ने फ़ॉरेन ट्रेड में एमबीए किया तथा एम.जे. की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएचडी की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने सॉफ़्टवेयर के व्यापार के साथ ही ख़बर हलचल वेब मीडिया की स्थापना की। वर्ष 2015 में शिखा जैन जी से उनका विवाह हुआ। वे मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं और हिन्दी ग्राम के संस्थापक भी हैं। डॉ. अर्पण जैन ने 11 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण वर्ल्ड बुक ऑफ़ रिकॉर्डस, लन्दन द्वारा विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया।