मुसीबत में छाँव हूँ ममता की बहार हूँ स्नेह की सागर हूँ मैं माता का आँचल हूँ भूख का अंत हूँ संस्कार की देवी हूँ द्वेष का काल हूँ मैं माता का आँचल हूँ धूप में छाँव हूँ दर्द की दवा हूँ आंधी का आश्रा हूँ मैं माता का आँचल […]

अब तो मिलने मिलाने की बात से डर लगता है पीने और पिलाने की बात से डर लगता है कब मौत अपना पैगाम लेकर आ जाए देश मे कोरोना के बढ़ते हालात से डर लगता है गरीब के झोपड़े का बुरा हाल है क्या बताऊँ अब तो बेमौसम बरसात से […]

अंतर्राष्ट्री महिला दिवस के अवसर पर एक लेख माँ तो माँ है। आप को लोगो के प्रति में समर्पित कर रहा हूँ। साथ ही सभी हमारी माता बहिनो को इस महिला दिवस की बहुत बहुत शुभ कामनाये और बधाई देता हूँ। हमें इस संसार में लाने वाली एक महिला ही […]

ये दिल क्यूँ रोता रहा रातभर नींद भी गायब रही रातभर।। वो तस्वीर जो पहली मुलाकात की बार बार सामने आती रही रातभर।। वो मुस्कुराहट कितनी हसीन थी बार बार याद आती रही रातभर।। वो शिकायत भरी जो बाते थी तेरी बार बार रूलाती रही रातभर।। हँसना चिढाना और प्यार […]

महाराणा प्रताप जयंती पर विशेष जय हो राणा जय महाराणा। जय मेवाड़ा राजपुताना।। उदयपुरी उदेसिंह बसाया। गढ़ चित्तोड़ा दुर्ग बनाया ।। मातु पिता तुम्हरे जस पाई। उदय सिंह जसवंता बाई ।। नौ मई पंद्रह सौ चालीसा। जन्में राणा हिन्दू ईशा ।। पूत अमरसिंह अजबद नारी। चेतक घोड़ा करी सवारी।। लम्बी […]

संस्थापक एवं सम्पादक

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम पत्रिका के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। साथ ही लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए। आप 29 अप्रैल को जन्में तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण जैन ने 30 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से डॉ. अर्पण जैन पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान व वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान से सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं। कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी है। साथ ही, भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग को लेकर आंदोलन भी चलाया है।