भारतीय दर्शन के उद्धारक जिनका मूल मंत्र था उठो जागो और तब तक नहीं रुको जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो।आधुनिक वेदांत ,राजयोग को देश व दुनिया को समझाने वाले जिन्होंने विश्व धर्म महासभा में सनातन धर्म का प्रतिनिधित्व किया। वेदान्त के विख्यात और प्रभावशाली आध्यात्मिक गुरु स्वामी विवेकानंद जी […]

कवि,साहित्यकार हिंदुओं का पवित्र त्योहार करवा चौथ सम्पूर्ण देश मे कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को मनाया जाता है। ग्रामीण स्त्रियों से लेकर आधुनिक महिलाओं तक सभी महिलाएं करवा चौथ का व्रत अवश्य करती है। उनमें बड़ी श्र्द्धा व विश्वास उत्साह के साथ सौभाग्यवती स्त्रियां इस पर्व को […]

15 अक्टूबर(जन्मदिवस) 1950 में इन्होंन अंतरिक्ष विज्ञान में स्नातक की उपाधि मद्रास इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से प्राप्त की। बाद में हावर क्राफ्ट योजना में काम करने हेतु भारतीय रक्षा अनुसंधान एवम विकास संस्थान में प्रवेश किया। 1962 में उन्होंने कई उपग्रह प्रक्षेपण परियोजना में काम किया। परियोजना निदेशक के रूप […]

*भारत माँ के नयन दो हिन्दू मुस्लिम जान। नहीं एक के बिना हो दूजे की पहचान*     गोपाल दास नीरज हिन्दी साहित्यकार शिक्षक एवम कवि सम्मेलनों के मंचों का एक बड़ा नाम था। उन्हें शिक्षा व साहित्य के क्षेत्र में भारत सरकार ने पदम् श्री व पदम् भूषण से […]

भवानीमंडी | सामाजिक संस्था विलक्षणा एक सार्थक पहल समिति, रोहतक हरियाणा द्वारा रविवार को जिला विकास भवन में राष्ट्रीय स्तरीय सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें राजस्थान से  भवानीमंडी के कवि ,साहित्यकार राजेश कुमार शर्मा”पुरोहित” को विलक्षणा समाज सारथी सम्मान से सम्मानित किया गया।          पुरोहित […]

*देश की सुप्रसिद्ध कवयित्री गौरी मिश्रा की काव्य यात्रा का सफरनामा*           हमारे देश में नारी को देवी का रूप मानकर पूजा जाता है। लेकिन उसी देवी को घर की चारदीवारी में कैद कर रखा जाता है।  कुछ बेटियां जीवन संघर्ष में सफल होकर आगे बढ़ […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।