1. घर की शान पहचाने बिटिया मान मर्यादा 2. अमूल्य धन दो घरों का चिराग शिक्षित बेटी 3. बेघर हुए नदी किनारे बसे गरीब लोग 4. बर्फ का घर हिमालय पर्वत भारत ताज 5. बेघर किए सुनामी लहरों ने हज़ारों लोग 6. खुला आकाश गरीबी मजबूरी घर अपना 7. फूस […]

आज विज्ञान थल से आसमान छाया हुआ बेकार नहीं वैज्ञानिक तरीके सार्थक सोच आज इंसान ज्ञान बना विज्ञान वैज्ञानिक है आज विज्ञान अभिशाप भी बना वरदान भी परिचय:- अशोक कुमार ढोरिया मुबारिकपुर(हरियाणा) Post Views: 230

बिटिया अनायास ही मेरे दिमाग को झकझोर कर देने वाला सवाल पूछ उठती है। पापा ; इस धरती पर इंसान की तादात दिन प्रतिदिन सुरसा राक्षसी के मुख की तरह बढ़ती जा रही है। इसके बावजूद धरती पर वनस्पति, वन्य जीव जन्तु विलुप्त होते जा रहे हैं।कई प्रजातियां तो नष्ट […]

1. चने का साग स्वादिष्ट पकवान अच्छा लगता 2. दिल से प्यारा अपना हरियाणा मेरा प्रदेश 3. चुनौती बने धरने हड़ताल खतरनाक 4. बढ़ा रहे हैं धरने प्रदर्शन अराजकता 5. जरूरी मांगें पूरी करे सरकार अधिकार है परिचय:- अशोक कुमार ढोरिया मुबारिकपुर(हरियाणा) Post Views: 183

 नमस्कार बाबू जी। ‘ नमस्कार भैया ।’ ‘आज तो बड़ी आस लगाकर आया हूँ।’ ‘ आज मुझे इसी समय एक हज़ार रुपये की जरूरत है, मैं बैंक में जाने नहीं पाया।कल बैंक से निकलवाकर दे दूँगा।’ मुझे पता था, शराबी है। मैंने पूछा-वापिस कब कर दोगे ? बाबू जी, बैंक […]

रामू गाँव से 35 किलोमीटर दूर एक शहर में नौकरी करता है।वह हर रोज बस से जाता है। एक दिन किसी कारण से वह लेट हो जाता है। बस प्रतिदिन की भाँति निश्चित समय पर निकल जाती है।          वह अपनी ड्यूटी पर जाने के लिए अपनी […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।