निर्देशक चक रसैल अदाकार विद्युत जामवाल, अक्षय ओबेराय, आशा भट्ट, अतुल कुलकर्णी, मकरन्द देशपांडे, पूजा सावन्त, विश्वनाथ चैटर्जी, कहानी रितेश शाह, पटकथा एडम प्रिंस, चक रसैल संगीत समीरउद्दीन एक्शन परवेज शेख चुंग ली फिल्मांकन मार्क इरविन दोस्तो दुनिया की सबसे खूबसूरत रचना है इंसान यदि इंसान को कुदरत ने सबसे […]

दोस्तो अक्षय खिलाड़ी कुमार एक ऐसे अभिनेता और हीरो है जो कभी नम्बरो की दौड़ में शामिल नही हुवे, न ही अवर्डस कि दौड़ में, साथ ही न उन्होंने इस बात की परवाह की कि साल में कम या ज्यादा फिल्मे देना है, लेकिन अक्षय आज टिकट खिड़की पर सफलता […]

केसरी बेटल ऑफ सारागढ़ी देशभक्ति का अलख जगाती, फ़िल्म समीक्षक इदरीस खत्री द्वारा,, निर्देशक अनुराग सिंह अदाकार अक्षय कुमार, परिणिती चोपड़ा, गोविंद नामदेव, राजपाल, वंश भारद्वाज, मीर सरवर, शुरूआत फ़िल्म के गाने से ही हो सकती है तेरी मिट्टी में मिल जावा, गुल बनके मैं खिल जावा, तेरी नदियों में […]

भाग 2……… निरन्तर ,,,,, होनी को अनहोनी करदे अनहोनी को होनी,,,, एक जगह जब जमा हो तीनो, अमर अकबर एंथोनी,,,, फ़िल्म के निर्देशक मनमोहन देसाई ने जब फ़िल्म का टाइटल बताया अमिताभ को तो अमिताभ डर गए और बोले, मन आजकल पारिवारिक फिल्मे चल रही है जैसे बड़ी बहन, छोटी […]

अदाकार अमिताभ बच्चन, तापसी पन्नू, अमृता सिंह, टोनी ल्यूक,मानव कौल, निर्देशक सुजॉय घोष दोस्तो फ़िल्म एक स्पेनिश फ़िल्म कांतरोतिएमो से उठाई गई है, जिसको अंग्रेजी में रिलीज किया गया था इनविजिबल गेस्ट नाम से , सिर्फ हिंदी फिल्म में लिंग बदलाव किए गए है,, फ़िल्म सस्पेंस, मर्डर मिट्री है जो […]

श्रृंखला – भाग 2 इदरीस खत्री फ़िल्म समीक्षक द्वारा अब तक छुपाए रखा, शोला दबाए रखा, देख के तुमको दिल बोला है हमको तुमसे हो गया है प्यार यह वह लाजवाब गाना है जिसमे देश के महानतम गायकों का एक गुलदस्ता था जो कि फ़िल्म इतिहास में केवल एक बार […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।