गान लिखता हूँ

Read Time3Seconds
shivanand chobe
वेदनाओं में मधुर मुस्कान लिखता हूँ,
नफरतों में प्रेम का मैं गान लिखता हूँ।
ऐ मेरे खाक-ए-वतन तू रुह है और जान मेरी,
शौर्य गाथा में तेरे मैं जमीं आसमान लिखता हूँ।
भाव विश्व वन्धुत्व का है दिल-ए-जर्रो में तेरे,
सत्य,अहिंसा,प्रेम,दया का मैं आन लिखता हूँ।
है ‘शिवम्’ ख्वाहिश मेरी,हो कफ़न मिट्टी वतन की,
वास्ते तेरे में अपनी खुशियों की जहान लिखता हूँ॥
                                                           #शिवानंद चौबे
परिचय: शिवानंद चौबे की जन्मतिथि-१२ अगस्त १९९० है। आपका वर्तमान निवास राज्य उत्तर प्रदेश में ग्राम महथुआ (जिला-भदोही)है। समाजशास्त्र में एम.ए. के बाद अभी एमबीए(त्रिपुरा) जारी है।  कार्यक्षेत्र-शिक्षण ही है। उपलब्धि यह है कि,नेहरू युवा केन्द्र में राज्य प्रशिक्षक( भारत सरकार) हैं। राष्ट्रीय भाषण प्रतियोगिता में जिला स्तरीय विजेता रहे हैं। आपके लेखन का उद्देश्य-सबके
बीच सदाचार और प्रेम बनाए रखना तथा समाज हित की बात सामने लाना है।
0 0

matruadmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

हैरान कलम

Wed Oct 11 , 2017
राजनीत का गेट खुला है, सबको अंदर आने दो, कपट-द्वंद के वाद्ययंत्र पर सबको मंतर गाने दो। अपनी झांकी आगे रखता, हर शख्स यहां पर नेता है, भर चातुर्मास परकम्मा करता दिग्गी भी अभिनेता है। देख लचीलापन खेमों में इनकी नीदें खुलती हैं, चैन चुनावी बिन सोने की,हीरा भाव में […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।