देव को कालेज जाते देख भगती ने कहा, “देव बेटा, तुम्हें याद है ना! आने वाली एकादशी पर उद्यापन करना है.सोचती हूं जितना जल्दी हो सके यह कार्य भी निपटा दूँ. इस बूढ़े शरीर में अब ज्यादा जीने की शक्ति नहीं रही.” “ऐसा क्यों कहती हो माँ? मुझे सब याद […]
लघुकथा
लघुकथा
