इश्क अधूरा ही सही इश्क में आजमाइश रहती है सात फेरों के बिना भी इश्क में गुंजाइश रहती है मुकम्मल हो हर कहानी यह मुमकिन तो नहीं पर हर कहानी कि कोई ख्वाहिश रहती है इश्क अधूरा ही सही मगर आजमाईश रहती है टूट कर चाहा उसे पर बिखरने ना […]
काव्यभाषा
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