माँ से बिटियाँ का स्नेह होता है लाजवाब बिटियाँ को सुलाती अपने आँचल में लगता है जैसे फूलों के मध्य पराग हो झोली में । माँ की आवाज कोयल सी और बिटियाँ की खिलखिलाहट पायल की छुन -छुन सी लगता है जैसे मधुर संगीत हो फिजाओं में । माँ तो […]
मोहब्बत सूरत से नहीं होती है। मोहब्बत तो दिल से होती है। सूरत खुद प्यारी लगने लगती है। कद्र जिनकी दिल में होती है।। मुझे आदत नहीं कही रुकने की। लेकिन जबसे तुम मुझे मिले हो। दिल कही और ठहरता नहीं है। दिल धड़कता है बस आपके लिए।। कितनो ने […]
विकास आज बेहद खुश था, क्योंकि उसके गमले में आज हरी हरी और नन्हीं नंन्ही पत्तियां आ चुकी थीं। .. दस साल के विकास.ने आठ दस दिन पहले ही कटी हुई सब्जी के कचरे में से कुछ बीज अलग करके छोटे से गमले मे ं डाल दिये थे। गमले में […]
रोटी को भी बहलाया फुसलाया जाता है जब आग के दामन से उसे बचाया जाता है रोटी प्रजातंत्र का बहुत शातिर खिलाड़ी है तभी तो इसे भरे पेट में खिलाया जाता है झुकोगे,गिरोगे,तरसोगे और कलपोगे भी जब रोटी का अभिमान दिखाया जाता है तुम्हारी गरीबी का शिगूफा बना बना कर […]
गौर से देखा उसने मुझे और कहा लगता है कवि हो तुम नश्तर सी चुभती हैं तुम्हारी बातें लेकिन सही हो तुम कहते हो कि सुकून है मुझे पर रुह लगती तुम्हारी प्यासी है तेरी मुस्कुराहटों में भी छिपी हुई एक गहरी उदासी है तुम्हारी खामोशी में भी सुनाई देता […]
निकलना खुल्द से आदम का सुनते आए है ग़ालिब …बहुत बेआबरू होकर तेरे कुचे से हम निकले …ग़ालिब की यह पक्ति रेत में मोती की मानिंद लगती है …जिंदगी की स्लाइस जो मन्त्रो की ध्वनियों में वही स्लाइस इन पंक्तियों में भी पिरोई गई है … प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को […]
मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष, ख़बर हलचल न्यूज़, मातृभाषा डॉट कॉम व साहित्यग्राम पत्रिका के संपादक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मध्य प्रदेश ही नहीं अपितु देशभर में हिन्दी भाषा के प्रचार, प्रसार और विस्तार के लिए निरंतर कार्यरत हैं। साथ ही लगभग दो दशकों से हिन्दी पत्रकारिता में सक्रिय डॉ. जैन के नेतृत्व में पत्रकारिता के उन्नयन के लिए भी कई अभियान चलाए गए।
आप 29 अप्रैल को जन्में तथा कम्प्यूटर साइंस विषय से बैचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कम्प्यूटर साइंस) में स्नातक होने के साथ आपने एमबीए किया तथा एम.जे. एम सी की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएच.डी की उपाधि प्राप्त की। डॉ. अर्पण जैन ने 30 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण आपको विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया। साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्ष 2020 के अखिल भारतीय नारद मुनि पुरस्कार से डॉ. अर्पण जैन पुरस्कृत हुए हैं। साथ ही, आपको वर्ष 2023 में जम्मू कश्मीर साहित्य एवं कला अकादमी व वादीज़ हिन्दी शिक्षा समिति ने अक्षर सम्मान व वर्ष 2024 में प्रभासाक्षी द्वारा हिन्दी सेवा सम्मान से सम्मानित किया गया है। इसके अलावा आप सॉफ़्टवेयर कम्पनी सेन्स टेक्नोलॉजीस के सीईओ हैं, साथ ही लगातार समाज सेवा कार्यों में भी सक्रिय सहभागिता रखते हैं।
कई दैनिक, साप्ताहिक समाचार पत्रों व न्यूज़ चैनल में आपने सेवाएँ दी है। साथ ही, भारतभर में आपने हज़ारों पत्रकारों को संगठित कर पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग को लेकर आंदोलन भी चलाया है।