गुरु पूर्णिमा विशेष-16 जुलाई 2019   गुरू बिन भवनिधि तरहिं न कोई,जौं बिरंचि संकर सम होई भारतीय वांग्मय में गुरु को इस भौतिक संसार और परमात्म तत्व के बीच का सेतु कहा गया है। सनातन अवघारणा के अनुसार इस संसार में मनुष्य को जन्म भले ही माता पिता देते है […]

विश्व जनसंख्या दिवस 11 जुलाई 2019 जनसंख्या वृद्धि हमें विनाश के कगार की ओर ले जाएगी वर्तमान में विश्व की जनसंख्या साढ़े सात अरब के आंकड़े को पार कर चुकी हैं । और जिस रफ़्तार से जनसंख्या बढ़ रही हैं वह आने वाले समय में पुरे विश्व में भयावह स्थिती […]

भारतीय जीवन में परिवार का तात्पर्य विवाहित-युगल और उनके बच्चों भर से नहीं होता। पति-पत्नी के युग्म से जिस ‘दम्पती’ नामक एकीकृत रूप की निर्मित्ति होती है, उसके साथ ही कुटुंब के घनिष्ठ लोगों को समवेत् रूप में एक इकाई मान परिवार की संज्ञा से अभिहित किया जाता है। उदात्त […]

जब से मूलभूत आवश्यकताओं के अभाव में लोगों के मरने की समस्या खत्म हुई है, मानव जनित एक नई समस्या ने आकर समाज को घेर लिया है। मानव द्वारा मानव का बलात्कार। उम्र और लिंग को नजरअंदाज करते हुए बलात्कार। निजी और सार्वजनिक स्थलों पर बलात्कार। दुधमुहे बच्चों से लेकर […]

” एक शिक्षक ऐसा भी जो नित नयें नवाचारों से सरकारी स्कूल को बेहतर बनाने में जुटा हुआ हैं । “ ________________________ जी हां  ! हम बात कर रहे हैं शासकीय नवीन प्राथमिक विद्यालय नयापुरा माकनी में पदस्थ सहायक अध्यापक गोपाल कौशल की , जिन्हें जुनून है सरकारी स्कूल को […]

हिन्दुओं के पर्व त्योहारों का संक्षिप्त परिचय  भारत में सालों भर कोई ना कोई पर्व त्योहार अवश्य मनाया जाता है l प्रतिवर्ष 1 जनवरी को आंग्ल नववर्ष के रूप में मनाया जाता है l नववर्ष की तैयारी के लिए   लोग 31 दिसंबर की रात से ही तैयारी करते हैं l […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।