2.I चेतावनी देने में कामयाब रोबोट 2 निर्देशक -शंकर कलाकार -रजनीकांत, अक्षय कुमार, एमी जैक्सन, आदिल हुसैन, सुधांशू , दोस्तो कहानी पर चर्चा नही करेंगे, लेकिन vfx, CIG, एनिमेशन ग्राफिक्स पर चर्चा ज़रूर होगी फ़िल्म का बजट 550 करोड़ है जो कि सबसे महंगी भारतीय फिल्म होने का गौरव प्राप्त […]

फ़िल्म समीक्षक इदरीस खत्री द्वारा एक आकलन हाल ही फ़िल्म प्रदर्शित हुई ठग्स ऑफ हिन्दोस्तान, जिसके प्रदर्शन पूर्व बड़ी बड़ी घोषणाए, लोक लुभावन वादे ओर फ़िल्म को लेकर सपने दिखाए गए थे हत्ता की प्रचार में फ़िल्म को भारत की सार्वकालिक महंगी फ़िल्म बताया गया बजट 250+60यानी 300 करोड़ी फ़िल्म […]

भईया जी सुपरहिट काश नाम की तरह काम चल जाता लेकिन फ़िल्म में ऐसा कुछ भी न हो पाया यह फ़िल्म लगभग 7 साल पहले शुरू हुई थी, सन 2012 में इसका पहला पोस्टर लांच किया गया था उसके बाद से तमसम पचड़ों(लम्बी दास्तान) के चलते फ़िल्म न बन पाई […]

दोस्तो हम फिल्मो पर समीक्षा के माध्यम से साझा होते आए है लेकिन आज चर्चा का विषय है लगातार 21 साल तक साथ चलने वाला टेलीविजन सीरियल CID, साथियो देश का अपराध खोज (क्राइम डिटेक्शन) सीरियल CID से देश का बच्चा बच्चा वाकिफ है इस सीरियल ने हमारे सामने शैशव […]

हम पर है अधिकार तुम्हारा, मेरे सपनों पर भी अधिकार तुम्हारा देना अगर मुझे तुम फिर तो लौटा देना वो प्यार हमारा। मैं सांसें भी लेता हूँ तो तुम्हारी इजाजत लेकर के, द्वार तुम्हारे आऊंगा बस एक शिकायत लेकर के। प्यार मोहब्बत का रिश्ता न निभाना तुमको आया, तुम्हारी इस […]

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जाने कौन-सा धन मुझमें देखा! जाने क्यूँ मुझसे रुठ गई गरीबी रेखा।। लाख चाहा मैंने इसके नीचे आऊँ, इसके कदमों तले बिछ जाऊँ और पा जाऊँ छोटा कूपन, अब नहीं सही जाती मुझसे मँहगाई की तपन।। हे ! गरीबी की रेखा माता मुझ पर तू हो जा प्रसन्न, ताकि मैं […]

Founder and CEO

Dr. Arpan Jain

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ इन्दौर (म.प्र.) से खबर हलचल न्यूज के सम्पादक हैं, और पत्रकार होने के साथ-साथ शायर और स्तंभकार भी हैं। श्री जैन ने आंचलिक पत्रकारों पर ‘मेरे आंचलिक पत्रकार’ एवं साझा काव्य संग्रह ‘मातृभाषा एक युगमंच’ आदि पुस्तक भी लिखी है। अविचल ने अपनी कविताओं के माध्यम से समाज में स्त्री की पीड़ा, परिवेश का साहस और व्यवस्थाओं के खिलाफ तंज़ को बखूबी उकेरा है। इन्होंने आलेखों में ज़्यादातर पत्रकारिता का आधार आंचलिक पत्रकारिता को ही ज़्यादा लिखा है। यह मध्यप्रदेश के धार जिले की कुक्षी तहसील में पले-बढ़े और इंदौर को अपना कर्म क्षेत्र बनाया है। बेचलर ऑफ इंजीनियरिंग (कम्प्यूटर साइंस) करने के बाद एमबीए और एम.जे.की डिग्री हासिल की एवं ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियों’ पर शोध किया है। कई पत्रकार संगठनों में राष्ट्रीय स्तर की ज़िम्मेदारियों से नवाज़े जा चुके अर्पण जैन ‘अविचल’ भारत के २१ राज्यों में अपनी टीम का संचालन कर रहे हैं। पत्रकारों के लिए बनाया गया भारत का पहला सोशल नेटवर्क और पत्रकारिता का विकीपीडिया (www.IndianReporters.com) भी जैन द्वारा ही संचालित किया जा रहा है।लेखक डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’ मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं तथा देश में हिन्दी भाषा के प्रचार हेतु हस्ताक्षर बदलो अभियान, भाषा समन्वय आदि का संचालन कर रहे हैं।