इस दिल ने कितनो को मारा था किसी एक पे ये भी मरा था, जो हाल मैंने मेरे पर कुछ मरने वालो का किया, उसने भी मेरा वही हाल बना रखा… किस बात से मै दीवाना था किस बात पर! वो मोहब्बत थी किस लिए ये एहसान सा है जो […]

आजकल मैं मुंबई में हूं। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस ने आज मुझे ऐसी भेंट दी है, जो आज तक किसी ने नहीं दी है। वे देश के ऐसे पहले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने सरकार के सारे अंदरुनी काम-काज से अंग्रेजी के बहिष्कार का आदेश जारी कर दिया है। ऐसा करके […]

एक से एक नया रिश्ता मेरे जीवन में आ जाएगा,, लेकिन मेरी मां की तरह, कोई प्यार कहां कर पाएगा, सपनो की वेदी पर मैने, खुद को बलि चढ़ाया है,, चदं पैसो की चाहत ने, मां का दामन छुड़वाया है,, मोह माया के चक्कर में, लगे समय व्यर्थ ही जाएगा,, […]

मातृ दिवस पर सभी माँओं के चरणों में समर्पित…….. माँ ही प्रथम पाठशाला है। माँ ने दुःख सहकर पाला है।। माँ संसार की अनुपम कृति है। माँ प्यार भरी संस्कृति है।। माँ नूर नहीं कोहिनूर है। माँ प्रेम से भरपूर है।। माँ खुदा का दूजा रूप है। मां प्यार भरा […]

राज़ी कलाकार :-आलिया भट्ट, विकी कौशल, रजित कपूर, करण एहलावत, शिशिर शर्मा, निर्देशक :- मेघना गुलज़ार संगीत :-  शंकर, एहसान लॉय इदरीस खत्री द्वारा ,,,, फ़िल्म निर्दशिका मेघना गुलज़ार,(बोस्की) पर फ़िल्म के पहले एक चर्चा ज़रूरी है, राखी और फ़िल्म कार, गीतकार गुलज़ार साहब की इकलौती पुत्री है| अपने पिता […]

आधुनिक समाज में पुरुष आज भी सर्वोपरि है परन्तु हम यह नहीं भूल सकते कि एक महिला का जीवन मनुष्य के जीवन से कहीं अधिक जटिल है। एक महिला को अपनी व्यक्तिगत जिंदगी का ख्याल रखना पड़ता है और यदि वह एक मां है तो उसे अपने बच्चों के पालन […]

संस्थापक एवं सम्पादक

डॉ. अर्पण जैन ‘अविचल’

29 अप्रैल, 1989 को मध्य प्रदेश के सेंधवा में पिता श्री सुरेश जैन व माता श्रीमती शोभा जैन के घर अर्पण का जन्म हुआ। उनकी एक छोटी बहन नेहल हैं। अर्पण जैन मध्यप्रदेश के धार जिले की तहसील कुक्षी में पले-बढ़े। आरंभिक शिक्षा कुक्षी के वर्धमान जैन हाईस्कूल और शा. बा. उ. मा. विद्यालय कुक्षी में हासिल की, तथा इंदौर में जाकर राजीव गाँधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के अंतर्गत एसएटीएम महाविद्यालय से संगणक विज्ञान (कम्प्यूटर साइंस) में बेचलर ऑफ़ इंजीनियरिंग (बीई-कंप्यूटर साइंस) में स्नातक की पढ़ाई के साथ ही 11 जनवरी, 2010 को ‘सेन्स टेक्नोलॉजीस की शुरुआत की। अर्पण ने फ़ॉरेन ट्रेड में एमबीए किया तथा एम.जे. की पढ़ाई भी की। उसके बाद ‘भारतीय पत्रकारिता और वैश्विक चुनौतियाँ’ विषय पर अपना शोध कार्य करके पीएचडी की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने सॉफ़्टवेयर के व्यापार के साथ ही ख़बर हलचल वेब मीडिया की स्थापना की। वर्ष 2015 में शिखा जैन जी से उनका विवाह हुआ। वे मातृभाषा उन्नयन संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं और हिन्दी ग्राम के संस्थापक भी हैं। डॉ. अर्पण जैन ने 11 लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर हिन्दी में परिवर्तित करवाए, जिसके कारण वर्ल्ड बुक ऑफ़ रिकॉर्डस, लन्दन द्वारा विश्व कीर्तिमान प्रदान किया गया।